HCS Exam Preparation | Geography Content- Atmospheric Circulation

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Atmospheric Circulation

Upper tropospheric wind

  • These wind are found above troposphere (at the end of troposphere and starting of stratosphere).
  • As height of troposphere is 18 km at equator but only 8 km at poles, tropopause seems more close to poles.
  • Air rises at equator and above troposphere, a high pressure zone get created, In the same way a low pressure zone gets created above poles in the upper troposphere.

Geostrophic wind

  • The winds in the upper atmosphere, 2-3 km above the surface, are free from frictional effect of the surface and are controlled by the pressure gradient and the Coriolis force.
  • Higher the speed of wind, stronger the coriolis force.
  • In upper troposphere, an air parcel initially at rest above equator will move from high pressure to low pressure because of the Pressure Gradient Force (PGF).

Jet stream

  • In Upper troposphere, Westerlies move at high speed but inside westerlies, there are strong, narrow bands of higher speed wind called Jet stream.
  • Speed of jet stream is about 300 km/h.
  • But they are not found inside each westerlies.
  • They are situated at the margins of meridional cells.

There are four types of permanent jet streams

  • Two Polar jet stream
  • Two Subtropical Westerly Jet Stream

Influence of Jet stream on weather

  • Jet streams help in maintenance of latitudinal heat balance by mass exchange of air.
  • Jet streams also influence the path of temperate cyclones. They have an influence on distribution of precipitation by the temperate cyclones.
  • Subtropical jet stream and some temporary jet streams together influence Indian Monsoon patterns.

HCS Exam Preparation

ऊपरी उष्णकटिबंधीय पवन  

  • ये पवनें क्षोभ मंडल के ऊपर पाई जाती है(क्षोभ मंडल के आरम्भ में तथा समताप मंडल के अंत में )
  • चूंकि क्षोभ मंडल की ऊंचाई भूमध्य रेखा पर 18 किमी है, लेकिन ध्रुवों पर यह केवल 8 किमी की दूरी पर तक ही है , इस प्रकार क्षोभ मंडल ध्रुवों के निकट है |
  • वायु  भूमध्य रेखा और समताप मंडल के ऊपर से उत्पन्न होती है, इस से  एक उच्च दबाव वाला क्षेत्र बनता है,इसी प्रकार का कम दाब वाला अन्य क्षेत्र ऊपरी समताप मंडल में ध्रुवों के ऊपर बन जाता है

भूविक्षेपी वायु

  • ऊपरी वायुमंडल की पवनें जो सतह से 2-3 किमी ऊपर की ओर होती है, इस प्रकार की पवनें सतह के घर्षण प्रभाव से मुक्त होती है तथा दाब प्रवणता तथा  कोरिओलिस बल द्वारा नियंत्रित की जाती है |
  • यदि वायु की गति अधिक है तो कोरिओलिस बल भी प्रबल होगा |
  • ऊपरी समताप मंडल में, आरम्भिक रूप से भूमध्य रेखा के ऊपर विश्राम अवस्था में वायु पुंज उच्च दबाव से कम दबाव की ओर दाब प्रवणता बल के कारण गति करता है |

जेट धारा

  • ऊपरी समताप मंडल में , पश्चिमी वायु अधिक गति से प्रवाहित होती है,परन्तु पश्चिमी वायु में उच्च गति वाली पवनों के मजबूत तथा संकीर्ण बैंड होते है जिन्हे जेट धाराएं कहा जाता है |   
  • जेट धाराओं की गति लगभग 300 किमी / घंटा है |
  • लेकिन ये प्रत्येक पश्चिमी वायु में नहीं पाए जाते है |
  • ये दक्षिणी कक्ष की सीमा पर स्थित है |

स्थायी जेट धाराएं चार प्रकार की होती है –

  • दो ध्रुवीय जेट धाराएं
  • दो उपोष्णकटिबंधीय पश्चिमी जेट धाराएं

मौसम पर जेट धारा का प्रभाव

  • वायु के बड़े पैमाने पर आदान-प्रदान द्वारा जेट धाराएं अक्षांशीय ऊष्मा संतुलन को बनाये रखने में मदद करती है |  
  • जेट धाराएं समशीतोष्ण चक्रवातों के पथ को भी प्रभावित करती हैं।इनका तापमान समशीतोष्ण चक्रवातों द्वारा वर्षा के वितरण पर प्रभाव डालता है।
  • उपोष्णकटिबंधीय जेट धारा और कुछ अस्थायी जेट धाराएं एक साथ भारतीय मानसून के पैटर्न को प्रभावित करती हैं।

Permanent jet streams

  • There are two permanent jet streams
  • Subtropical jets at lower latitudes and polar front jets at mid-latitudes.

Subtropical jet stream (STJ)

  • The subtropical jet stream is produced by the earth’s rotation (Coriolis force) and temperature contrast between tropical and subtropical regions.
  • At the equator, the rotation produces greatest velocity in the atmosphere.   
  • As a result, the rising air which spreads out northwards and southwards, moves faster than the latitudes over which it is blowing.
  • It is deflected to the right in the northern hemisphere and to the left in the southern hemisphere, and at about 30° latitude, it becomes concentrated as the subtropical jet streams.
  • During winter, the STJ is nearly continuous in both hemispheres.

Polar front jet

  • The polar front jet is produced by a temperature difference and is closely related to the polar front.
  • It has a more variable position than the subtropical jet.
  • In summer, its position shifts towards the poles and in winter towards the equator.
  • The jet is strong and continuous in winter.

Temporary jet Stream:

  • While the polar and subtropical jet streams are the best known and most studied, other jet streams can form when wind speeds are above 94 kph in the upper atmosphere at about 9-14.5 km above the surface.
  • They are few important ones are Somali Jet and The African Easterly jet.
  • There are also major high velocity winds in the lower troposphere called low-level jets (LLJs).

स्थायी जेट धाराएं

  • दो स्थायी जेट धाराएं हैं-
  • निचले अक्षांशों पर उपोष्णकटिबंधीय जेट तथा मध्य अक्षांशों पर ध्रुवीय जेट |

उपोष्णकटिबंधीय जेट धारा

  • उपोष्णकटिबंधीय जेट धारा पृथ्वी के घूर्णन (कोरिओलिस बल) एवं उष्णकटिबंधीय और उपोष्णकटिबंधीय क्षेत्रों के बीच तापमान विषमता द्वारा निर्मित होती है |
  • भूमध्य रेखा पर,घूर्णन द्वारा वायुमंडल में उच्च वेग उत्पन्न हो जाता है |
  • परिणामस्वरूप,प्रकट होने वाली वायु जो उत्तर की ओर तथा दक्षिण की ओर बहती है, यह उन अक्षांशो की तुलना में तेज़  होती है जिन पर यह बहती है |
  • यह उत्तरी गोलार्ध में दायीं तरफ और दक्षिणी गोलार्ध में बायीं तरफ  लगभग 30 डिग्री अक्षांश मुड़ जाती है, यह उपोष्णकटिबंधीय जेट धाराओं के रूप में संकेन्द्रित हो जाती है |
  • सर्द ऋतु के दौरान, उपोष्णकटिबंधीय जेट धारा दोनों गोलार्द्धों में लगभग निरंतर रहती है।

ध्रुव उन्मुख जेट

  • ध्रुव उन्मुख जेट तापमान के अंतर से निर्मित होता है और यह ध्रुव के मुहाने पर स्थित होता है
  • उपोष्णकटिबंधीय जेट की तुलना में इसकी स्थिति अधिक परिवर्तनशील है।
  • ग्रीष्म में, इसकी स्थिति ध्रुवों की ओर और सर्दियों में भूमध्य रेखा की तरफ हो जाती है।
  • जेट सर्दियों में मजबूत और निरंतर होते है।

अस्थायी जेट धारा

  • हालाँकि ध्रुवीय और उपोष्णकटिबंधीय जेट धाराएं अच्छी तरह से ज्ञात धाराओं तथा अध्ययन की श्रेणी में है,अन्य जेट धाराओं का निर्माण तब होता है जब जेट धाराओं की गति ऊपरी सतह में 94 किमी प्रति घंटा से अधिक होती है तथा यह 9  से 14.5 किमी तक हो |
  • इनमे से कुछ महत्वपूर्ण   सोमाली जेट और अफ्रीकी पूर्वी जेट है |
  • निचले क्षोभ मंडल में प्रमुख उच्च वेग वाली धाराएं भी है, इन्हे निम्न स्तरीय जेट  कहा जाता है |

Tropical easterly Jet (TEJ) or African easterly jet:

  • The TEJ is a unique and dominant feature of the northern hemispheric summer over southern Asia and northern Africa. The TEJ is found near between 5° and 20°N.
  • It is fairly persistent in its position, direction, and intensity from June through the beginning of October.   

Somali Jet stream/ Findlater Jet stream

  • The Somali jet occurs during the summer over northern Madagascar and off the coast of Somalia. The jet is most intense from June to August.
  • It is a major cross-equatorial flow from the southern Indian Ocean to the central Arabian Sea.
  • A split in the axis of the jet over the Arabian Sea, the more northern branch intersecting the west coast of India while the southerly branch moves eastward just south of India.

Rossby Waves

  • The meandering jet streams are called Rossby Waves.
  • Rossby waves are natural phenomenon in the atmosphere and oceans due to rotation of earth.
  • In planetary atmospheres, they are due to the variation in the Coriolis effect (When temperature contrast is low, speed of jet stream is low, and Coriolis force is weak leading to meandering) with latitude.

उष्णकटिबंधीय पूर्वी जेट (TEJ) या अफ्रीकन पूर्वी जेट:

  • उष्णकटिबंधीय पूर्वी जेट (TEJ) दक्षिणी एशिया और उत्तरी अफ्रीका की उत्तरी गोलार्द्ध की ग्रीष्म की अनूठी और प्रभावशाली विशेषता है | यह 5 डिग्री और 20 डिग्री के बीच उत्तर में पाई जाती है|
  • यह जून से अक्टूबर की शुरुआत तक अपनी स्थिति, दिशा और तीव्रता काफी हद तक स्थिर रहती है |

सोमाली जेट धारा / फाइनल्टर जेट धारा

  • सोमाली जेट उत्तरी मेडागास्कर और सोमालिया के तट पर गर्मियों के दौरान होता है | जेट जून से अगस्त तक सबसे तीव्र होती है।
  • यह दक्षिणी हिंद महासागर से केंद्रीय अरब सागर तक एक बड़ा पार-भूमध्यीय प्रवाह है |
  • अरब सागर के ऊपर जेट के अक्ष का विभाजन,उत्तरी शाखा भारत के पश्चिमी तट को काटती है ,जबकि दक्षिणी शाखा दक्षिण भारत के पूर्वी तरफ बहती है |

रॉस्बी तरंगे

  • घुमावदार जेट धाराओं को रॉस्बी तरंगे कहा जाता है |
  • रॉस्बी तरंगे पृथ्वी के घूर्णन के कारण वायुमंडल और  महासागरों की प्राकृतिक घटनाएं हैं।
  • ग्रहों के वायुमंडल में,ये कोरिओलिस प्रभाव में अक्षांश की भिन्नता के कारण होते हैं (जब ताप विषमता कम होती है,तो जेट धारा की गति कम होती है, और कोरिओलिस बल पथ के चक्र  के अनुसार दुर्बल होता है )

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